राजधानी रांची में जाम की समस्या कम करने और आवागमन को बेहतर बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं के निर्माण में तेजी लाने की तैयारी की जा रही है। भूमि अधिग्रहण और मुआवजा भुगतान में देरी के कारण इन योजनाओं का काम प्रभावित हो रहा है। अब पथ निर्माण विभाग ने इन बाधाओं को दूर कर निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने की पहल की है। विभाग के प्रधान सचिव सुनील कुमार ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि जमीन और मुआवजे से जुड़ी समस्याओं के कारण सड़क परियोजनाओं का काम लंबित नहीं रहना चाहिए। राजधानी में खेलगांव-नामकुम आरओबी, दुर्गा सोरेन चौक से रामपुर रिंग रोड तक फोरलेन सड़क, कांके-चिरौंदी सड़क और बहुबाजार से पटेल चौक तक कनेक्टिंग फ्लाईओवर जैसी योजनाओं को प्राथमिकता दी गई है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से शहर के कई प्रमुख इलाकों के बीच आवागमन आसान होने की उम्मीद है। साथ ही लोगों को लंबा रास्ता तय करने और जाम में फंसने की समस्या से भी राहत मिल सकती है। मुआवजा मिल चुका है तो तुरंत शुरू करें निर्माण पथ निर्माण विभाग के प्रधान सचिव सुनील कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि जिन सड़क परियोजनाओं के लिए जमीन का मुआवजा जारी किया जा चुका है, वहां बिना देरी किए निर्माण कार्य शुरू कराया जाए। जिन योजनाओं में अभी कुछ जमीन का अधिग्रहण बाकी है, वहां संबंधित प्रक्रिया और मुआवजा भुगतान निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि जिन स्थानों पर निर्माण के लिए जमीन उपलब्ध है, वहां काम को आगे बढ़ाने में किसी तरह की देरी नहीं होनी चाहिए। बाकी जमीन से जुड़ी कानूनी और प्रशासनिक औपचारिकताओं को भी जल्द पूरा किया जाए। इन प्रमुख सड़कों और फ्लाईओवर पर रहेगा जोर खेलगांव-नामकुम रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) परियोजना को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसके निर्माण से खेलगांव और नामकुम क्षेत्र के बीच आवागमन बेहतर होगा। रेलवे लाइन के कारण होने वाली यातायात संबंधी परेशानियों को कम करने में भी मदद मिलेगी। इसी तरह दुर्गा सोरेन चौक से रामपुर रिंग रोड तक फोरलेन सड़क बनाने की योजना है। इसके तैयार होने से नामकुम क्षेत्र का रिंग रोड से सीधा संपर्क मजबूत होगा। इससे इस इलाके में रहने वाले लोगों और वाहन चालकों को आवागमन में सुविधा मिलेगी। बहुबाजार से पटेल चौक को जोड़ने वाले कनेक्टिंग फ्लाईओवर के निर्माण पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इस फ्लाईओवर के बनने से शहर के व्यस्त इलाकों के बीच यातायात को सुगम बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा नामकुम आरओबी से अनगड़ा सेक्शन तक रांची-पुरुलिया रोड के 17.70 किलोमीटर हिस्से का सुदृढ़ीकरण भी प्रस्तावित है। इस सड़क को बेहतर बनाने से इस मार्ग पर चलने वाले लोगों को सुविधा मिलेगी। राजधानी की अन्य महत्वपूर्ण संपर्क सड़कों को भी बेहतर बनाने की तैयारी है। इनमें पंडरा-कांके सड़क और बरियातू-लेम-बड़गाईं-बोड़ियो सड़क सहित कई अन्य संपर्क पथ शामिल हैं। इन सड़कों के विकास से शहर के अलग-अलग हिस्सों के बीच संपर्क बेहतर होगा। स्थानीय लोगों के साथ-साथ रोजाना इन मार्गों से गुजरने वाले वाहन चालकों को भी लाभ मिलेगा। त्योहारों में सड़कें रहें गड्ढामुक्त पथ निर्माण विभाग ने त्योहारों को देखते हुए सड़कों की स्थिति सुधारने का भी निर्देश दिया है। अधिकारियों से कहा गया है कि प्रमुख सड़कों को सुरक्षित, गड्ढामुक्त और आवागमन के योग्य रखा जाए। जहां सड़कें खराब हैं, वहां मरम्मत का काम समय पर पूरा किया जाए, ताकि त्योहारों के दौरान लोगों को परेशानी न हो। कुल मिलाकर, विभाग की कोशिश है कि भूमि अधिग्रहण और मुआवजा भुगतान से जुड़ी समस्याओं को जल्द सुलझाकर रांची की लंबित सड़क परियोजनाओं को गति दी जाए। यदि योजनाओं पर तय समय के अनुसार काम होता है, तो आने वाले समय में राजधानी के कई प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था बेहतर हो सकती है। Post navigation चाकू दिखाकर मोबाइल, चांदी का ब्रेसलेट और 12 हजार रुपये की छिनतई, दो आरोपी गिरफ्तार