सोनारी स्थित बिंदल मॉल के उडुपी रेस्टोरेंट में शनिवार दोपहर हुई अंधाधुंध गोलीबारी के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने वारदात के बाद फरार हुए चारों आरोपियों को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के पास से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों को रायपुर टोल प्लाजा के पास घेराबंदी कर पकड़ा गया। पुलिस के अनुसार, घटना के बाद आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदलते हुए फरार हो रहे थे। पुलिस टीम ने सीसीटीवी फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर उनका पीछा किया और आखिरकार रायपुर के पास उन्हें पकड़ने में सफलता हासिल की। दिनदहाड़े फायरिंग से मची थी अफरा-तफरी, सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस यह घटना शनिवार दोपहर करीब 1:30 बजे की बताई जा रही है। उस समय सोनारी के बिंदल मॉल स्थित उडुपी रेस्टोरेंट में डोमनिक सैमसन, रिजवान, दिलशाद और कृष्णा चौधरी बैठकर खाना खा रहे थे। इसी दौरान बाइक पर तीन नकाबपोश बदमाश रेस्टोरेंट के पास पहुंचे। इनमें से दो हमलावर रेस्टोरेंट के अंदर घुस गए और अचानक फायरिंग शुरू कर दी। अचानक हुई गोलीबारी से रेस्टोरेंट और पूरे मॉल में अफरा-तफरी मच गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। घटना में रेस्टोरेंट में मौजूद चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को घटना के तुरंत बाद इलाज के लिए टाटा मुख्य अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया। गोलीबारी की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। कोल्हान डीआईजी अनुरंजन किस्पोट्टा, एसएसपी डॉ. एहतेशाम वकारिब समेत कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस टीम ने रेस्टोरेंट और आसपास के इलाके की जांच की। घटनास्थल से गोली के खोखे और अन्य जरूरी साक्ष्य जुटाए गए। पुलिस ने आसपास के लोगों से भी घटना के बारे में जानकारी ली। दो गाड़ियों में भाग रहे थे आरोपी, CCTV फुटेज से मिला आरोपियों का सुराग जांच के दौरान पुलिस ने बिंदल मॉल और उडुपी रेस्टोरेंट में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में हमलावरों की गतिविधियों और उनके आने-जाने के रास्ते से जुड़े अहम सुराग मिले। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने आरोपियों के भागने के संभावित रास्ते की जानकारी जुटाई। इसके बाद एसएसपी के निर्देश पर विशेष जांच टीम का गठन किया गया। SIT ने आरोपियों के संभावित ठिकानों और उनके भागने के रूट को ट्रैक करना शुरू किया। पुलिस जांच के अनुसार, वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी दो अलग-अलग गाड़ियों में सवार होकर वहां से फरार हुए थे। भागने के दौरान आरोपियों की एक गाड़ी रास्ते में खराब हो गई। इसके बाद चारों आरोपी एक ही वाहन में सवार हो गए और आगे की ओर निकल गए। पुलिस को इस दौरान गुप्त सूचना मिली कि आरोपी झारखंड से निकलकर छत्तीसगढ़ की सीमा में दाखिल हो चुके हैं। रायपुर टोल प्लाजा के पास घेराबंदी कर पकड़ा आरोपियों के छत्तीसगढ़ पहुंचने की सूचना मिलते ही पुलिस की विशेष टीम सक्रिय हो गई। टीम ने उनके संभावित रास्ते पर निगरानी बढ़ाई और रायपुर टोल प्लाजा के आसपास घेराबंदी की। जैसे ही संदिग्ध वाहन टोल प्लाजा के पास पहुंचा, पुलिस टीम ने उसे रोक लिया। इसके बाद चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर रही है। पूछताछ में गोलीबारी की वजह, वारदात की योजना और आरोपियों के अन्य साथियों के बारे में जानकारी जुटाने की कोशिश की जा रही है। आरोपियों की गिरफ्तारी से पहले पुलिस की कई टीमें अलग-अलग संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थीं। पुलिस ने पश्चिम बंगाल और अन्य संभावित स्थानों पर भी आरोपियों की तलाश की थी। पुलिस को लगातार इनपुट मिल रहे थे कि आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए अलग-अलग रास्तों का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसी बीच छत्तीसगढ़ में उनकी मौजूदगी की सूचना मिली और पुलिस ने रायपुर के पास कार्रवाई करते हुए चारों को पकड़ लिया। Post navigation जमशेदपुर के मरीन ड्राइव पर रेस्टोरेंट में अंधाधुंध फायरिंग, तीन लोगों को लगी गोली; इलाके में मची अफरा-तफरी